आने वाला समय अब ई-व्हीकल्स का है, भारत ने भी अब तेजी से ई-मोबिलिटी की ओर कदम बढ़ा दिया है। पेट्रोल-डीजल के विकल्प के रूप में ईंधन की तलाश अब हाइड्रोजन की ओर भी मुड़ गई है। दरअसल, भारत में हाइड्रोजन से चलने वाली बस आ गयी है। इस खास तरह की बस को एक रिसर्च एंड डेवल्पमेंट इनोवेशन लैब, सेंटिएंट लैब्स (Sentient Labs) ने तैयार किया है। यह भारत की पहली स्वदेशी रूप से विकसित हाइड्रोजन फ्यूल सेल बस है।
ऐसी परियोजनाएं भारत सरकार की ‘मेक इन इंडिया’ पहल पर रिफलेक्ट करती हैं। इस हाइड्रोजन बस की लम्बाई 9 मीटर है। 32-सीटर वाली इस बस में एसी भी फिट किया गया है। इस बस की सबसे खास बात ये है की मात्र 30 किलोग्राम हाइड्रोजन के इस्तेमाल से ये बस 450 किमी तक का सफर तय कर सकती है। आने वाले समय में इसके डिजाइन में बदलाव कर इसकी रेंज को बढ़ाया भी जा सकता है। इसका मॉड्यूलर आर्किटेक्चर ऐसा है कि ड्राइविंग रेंज और परिचालन स्थितियों की जरूरतों के मुताबिक डिजाइन में बदलाव किया जा सकता है।
इस हाइड्रोजन बस को दौड़ाने की तकनीक बेहद हीं आसान है। बस के फ्यूल सेल, गाड़ी को पॉवर देने के लिए हाइड्रोजन और हवा का इस्तेमाल करते हैं। बस से धुंएँ की जगह जो एकमात्र चीज़ निकलता है वो है पानी। इसलिए ये पर्यावरण के लिहाज से ट्रांस्पोर्ट का सबसे अच्छा साधन कहा जा सकता है।










































