मां सरस्वती की आराधना का पर्व वसन्त पंचमी यानी आज है। इस दौरान मां शारदे का विधि विधान से पूजन-अर्चन करने का शुभ योग बन रहा है। पंडित शक्तिधर त्रिपाठी बताते है कि हंस वाहिनी माता शारदे ज्ञान, विवेक आदि की दाता होती हैं जबकि मयूर वाहिनी माता संगीत और शृंगार दायिनी हैं। ऐसे में जातक अपने राशि के हिसाब से इन मंत्रों से मां का पूजन करके इच्छित फल की प्राप्ति कर सकते हैं।
मेष – ओम वाग्देवी वागेश्वरी नमः
वृष -ओम कौमुदी ज्ञानदायिनी नमः
मिथुन -मां सरस्वती नमः
कर्क -चंद्रिका देवैये नमः
सिंह -कमल हासन विलासिनी नमः
कन्या -प्रणवनाद बिलासिनी नमः
तुला -चंद्रकांति नमः
वृश्चिक- शारदा देवैये नमः
धनु -वीणावादिनी नमः
मकर -बुद्धि धात्री सुधा मूर्ति नमः
कुंभ – ज्ञान प्रधानी ब्रह्मचारिणी नम:
मीन – मां भारती नमः
परीक्षार्थी परीक्षा में अपनी स्मरण शक्ति में वृद्धि करने और अच्छे अंक पाने के लिए निम्नलिखित मंत्र का कम से कम 108 बार जप अवश्य करें।
शारदायै नमस्तुभ्यं मम हृदय प्रवेशिनी ।
परिक्षायाम समुत्तिर्णम सर्व बिषय नाम यथा ।।