दिल्ली से सटे ग्रेटर नोएडा के तर्ज पर बिहार की राजधानी पटना में भी ग्रेटर पटना का सपना बना गया है। जिसका काम भी जारी है। इसी कड़ी में अब उत्तरप्रदेश के गोरखपुर के गीडा को भी ग्रेटर नोएडा की तरह ही विकसित करने की तैयारी चल रही है। इसमें बाहर से उद्यमी यहां आकर औद्योगिक इकाई (Industrial Unit) लगाने की तैयारी कर रहे हैं।
बता दें, जिलाधिकारी विजय किरण आनंद और CEO गीडा पवन अग्रवाल ने ऐसे उद्यमियों का रेड कारपेट बिछाकर स्वागत करने की बात कही है। उन्होंने बताया कि जल्द ही गीडा में 345 करोड़ का निवेश होगा। जिससे 5000 से अधिक रोजगार निकल कर सामने आयेंगे। बता दें, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अफसरों को औद्योगिक विकास (Industrial Development) की रफ्तार को बढ़ाने का निर्देश दिया था। इसी निर्देश पर जिलाधिकारी और गीडा सीईओ की सक्रियता बढ़ गई है। गीडा द्वारा करीब 40 एकड़ क्षेत्रफल में 106 उद्यमियों को भूखंड आवंटित किए गए हैं और यहां विकास कार्य चल रहे हैं। जल्द ही यहां औद्योगिक इकाइयां स्थापित होनी शुरू हो जाएगी।
इन औद्योगिक इकाइयों के लिए 345 करोड़ से अधिक का निवेश आएगा। उम्मीद जताई जा रही है कि इस निवेश से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से पांच हजार लोग रोजगार पाएंगे। साथ ही आपको यह भी बता दें कि, इन्हीं भूखंडों में रेडीमेड उद्योग को बढ़ावा देने के लिए गारमेंट पार्क के तहत आवंटित भूखंड भी शामिल हैं। रेडीमेड गारमेंट में करीब 60 उद्यमियों को भूखंड आवंटित किए गए हैं। जल्द ही और भूखंड भी आवंटित किये जायेंगे।
इसके तहत प्लास्टिक उत्पाद के निर्माण के लिए भी तक़रीबन 5.5 एकड़ भूखंड मेसर्स तत्वा प्लास्टिक पाइप्स प्राइवेट लिमिटेड को आवंटित किया गया है। जहां करीब 100 करोड़ से अधिक का निवेश होगा। इसके साथ ही कई और कंपनियां यहां अपने उद्योग को बढ़ने के लिए भूखंड लेकर अपनी इकाई लगा रही है। जिससे प्रचुर मात्रा में रोजगार निकल कर सामने आएगा।













































